विज्ञान एक अभिशाप है कैसे? | विज्ञान एक वरदान है कैसे?

विज्ञान एक अभिशाप है कैसे? | विज्ञान एक वरदान है कैसे?

विज्ञान एक अभिशाप है कैसे? | विज्ञान एक वरदान है कैसे? | विज्ञान वरदान है या बने निबंध लेखन?
आज का युग Science का युग है। हमारे जीवन का कोई भी क्षेत्र इससे अछूता नहीं है। Science ने उन तथ्यों को संभव कर दिखाया है जो प्राचीन काल में असम्भव माने जाते थे। एक छोटी सी सुई से लेकर आसमान में दूरी नापने वाले हवाई जहाज तक, सब कुछ Science की देन है।

जहां एक ओर Science ने मनुष्य को अपार सुविधाएं प्रदान की हैं, वहीं दूसरी ओर यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि परमाणु उपकरणों आदि के Destructive आविष्कारों ने संपूर्ण मानव जाति को Destruction के Laedge पर लाकर खड़ा कर दिया है। अतः एक ओर यह मनुष्य के लिए वरदान है तो दूसरी ओर यह संपूर्ण मानव सभ्यता के लिए अभिशाप भी है।

वास्तव में यदि हम Science के लाभ और हानियों का निरीक्षण करें तो हम देखते हैं कि Science का सदुपयोग और दुरुपयोग मनुष्य के हाथ में है। यह मनुष्य पर निर्भर करता है कि वह उसे किस रूप में ग्रहण करता है। 

उदाहरण के लिए, यदि परमाणु ऊर्जा का सही दिशा में उपयोग किया जाए तो यह मनुष्य को ऊर्जा प्रदान करती है, जिसका उपयोग Electricity उत्पादन जैसे उपभोग के लिए किया जा सकता है।

लेकिन दूसरी ओर, अगर इसका गलत इस्तेमाल किया जाए तो यह बेहद Destructive हो सकता है। द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान हिरोशिमा और नागासाकी जापान के शहरों में परमाणु बमों से हुई तबाही इसका ज्वलंत उदाहरण है।


Science के वरदान असीम हैं। Electricity Science का एक अद्भुत वरदान है जिससे मनुष्य ने अंधकार पर विजय प्राप्त की है। प्रकाश के अतिरिक्त मशीनों, कारखानों, थियेटरों आदि को चलाने के लिए भी Electricity का उपयोग किया जाता है।

इसी प्रकार चिकित्सा के क्षेत्र में भी Science ने अभूतपूर्व सफलता प्राप्त की है। लाइलाज समझी जाने वाली बीमारियों का इलाज खोजकर इसे संभव बनाया है। यात्रा के क्षेत्र में Science का योगदान भी कम नहीं है। इसके जरिए कोई व्यक्ति वर्षों में तय की जाने वाली यात्राओं को कुछ दिनों या घंटों में तय कर सकता है।

हवाई जहाज के आविष्कार ने मनुष्य को पंख दिए हैं। Science के द्वारा मनुष्य ने चन्द्रमा पर विजय प्राप्त कर ली है और अब मंगल पर विजय प्राप्त करने की तैयारी कर रहा है। Science का उपहार असीम है।

Science ने जहाँ मनुष्य को सुख-सुविधाएँ दी हैं, वहीं दूसरी ओर उसके लिए नई-नई कठिनाइयाँ भी खड़ी कर दी हैं। आज दुनिया कई खेमों में बंटी हुई है। 

इसके अलावा खुद को और ताकतवर बनाने के लिए हथियारों की होड़ भी हो गई है। उसने हाइड्रोजन और परमाणु बमों की अपनी खोज से पूरी मानव सभ्यता को Destruction के Laedge पर लाकर खड़ा कर दिया है।

बेरोजगारी और गरीबी दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है। गांवों से शहरों की ओर लोगों का पलायन जारी है, जिससे महानगरों और शहरों की आबादी में बेतहाशा वृद्धि हुई है। इस तरह Science का दुरूपयोग पूरी मानव सभ्यता के लिए अभिशाप साबित हो रहा है।

Science का सही उपयोग न करने का ही परिणाम है कि आज विश्व की जनसंख्या बेतहाशा बढ़ रही है। जनसंख्या को नियंत्रित करने के लिए Science द्वारा उपलब्ध कराए गए सभी संसाधन नि:संदेह प्रभावी हैं, लेकिन अविकसित देशों द्वारा इन संसाधनों को न अपनाने के परिणामस्वरूप ऐसे देश अनेक समस्याओं से घिरे हुए हैं।

Science की सहायता से बड़े पैमाने पर रोजगार उपलब्ध कराया जा सकता है, लेकिन कई देशों में अपने संसाधनों का उपयोग न कर पाने की समस्या है। Science ने बड़े पैमाने पर शिक्षा के साधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की है, फिर भी कई देशों में बड़ी संख्या में निरक्षर लोग हैं।

यदि वैज्ञानिक कृषि को अपनाया जाए तो भुखमरी और कुपोषण की समस्या दुनिया को समाप्त कर सकती है, फिर भी इसके लोग खाद्यान्न के बिना गंभीर स्थिति में हैं। अतः यह कहा जा सकता है कि जिन श्रापों को Science के कारण माना जाता है, वे वास्तव में मानव निर्मित हैं।

Science की अद्भुत देन का रचनात्मक कार्यों में ही उपयोग करना हम सभी का कर्तव्य है। Science के दुरुपयोग के खिलाफ अभियान चलाया जाना चाहिए। विश्व के सभी देशों को विश्व शांति के लिए प्रयास करना चाहिए और हथियारों की बढ़ती होड़ का विरोध और उस पर अंकुश लगाना चाहिए।

विज्ञान एक अभिशाप है कैसे? | विज्ञान एक वरदान है कैसे?

विज्ञान वरदान या अभिशाप पर निबंध – इस लेख में हम विज्ञान क्या है, विज्ञान के बढ़ते कदम, विज्ञान के लाभ और हानि के बारे में जानेंगे। विज्ञान वरदान है या अभिशाप पर निबंध  Essay On Is Science A Boon Or A Curse In Hindi, Hindi Essay Writing – विज्ञान वरदान है या अभिशाप Is Science A Boon Or A Curse?

प्रस्तावना

आज का युग Science का युग है, मनुष्य ने आदि से लेकर अब तक जो भी प्रगति की है, वह Science की ही देन है। हम सभी भलीभांति जानते हैं कि "आवश्यकता ही आविष्कार की जननी है" और जैसे-जैसे मनुष्य की आवश्यकताएँ बढ़ रही हैं, वह नए-नए आविष्कार कर रहा है और करता रहेगा।

Science ने उन तथ्यों और कार्यों को संभव कर दिखाया है जो प्राचीन काल में असम्भव माने जाते थे। एक छोटी सी सुई से लेकर आसमान में दूरी नापने वाले हवाई जहाज तक, सब कुछ Science की ही देन है।

आगे चलकर ऐसे कई अविष्कार होंगे जिन पर शायद अब हमें विश्वास न हो, Science ने वास्तव में हमें बहुत कुछ दिया है, जिसके हम हमेशा ऋणी रहेंगे।

Science क्या है?

Science दो शब्दों से मिलकर बना है - Science + ज्ञान। वि का अर्थ है विशेष और ज्ञान का अर्थ है जानना। इस प्रकार किसी व्यक्ति विशेष को जानना Science है। दूसरे शब्दों में Science एक विशेष प्रकार का ज्ञान है।

Science ने आज हमारे जीवन को बदल दिया है और मानव जीवन को बहुत सुविधाजनक बना दिया है। अतः यह कहना अतिश्योक्ति नहीं होगी कि Science किसी वरदान से कम नहीं है।
 
आज मनुष्य ने बैलगाड़ी से अंतरिक्ष की यात्रा की है। Science ने मनुष्य को असीमित शक्ति दी है। आज मनुष्य Science की सहायता से पंछी की तरह आकाश में उड़ सकता है।

गहरे से गहरे पानी में सांस ले सकता है। पहाड़ों को पार कर सकता है और कुछ ही घंटों में कई मील की दूरी को पार कर सकता है।

Science के बढ़ते कदम

Science के कारण मानव जीवन बहुत सुखमय हो गया है। इससे हमारा समय भी बचा है।

घर पर:- Science की मदद से हमारा गृहस्थ जीवन भी सुखी हो गया है। आज घरों में हीटर, रेफ्रिजरेटर, टेलीविजन, रेडियो, टेप रिकॉर्डर, टेलीफोन, स्कूटर आदि जैसी चीजें आ गई हैं। आज Science की सहायता से गृहिणियों के अनेक कार्य मिनटों में हो जाते हैं।

परिवहन के क्षेत्र में :- दोपहिया से शुरू हुआ सफर अंतरिक्ष तक पहुंच गया है। कई महीनों का सफर हमने मिनटों में तय किया है। बुलेट ट्रेन हमारे सामने Science के आविष्कार का प्रत्यक्ष उदाहरण है। 

हवाई जहाज से हम मिनटों में मीलों का सफर तय कर लेते हैं। भले ही यह कश्मीर से कन्याकुमारी तक की यात्रा हो। Science ने इसे आसान और सरल बना दिया है। 

आज Science ने जल, थल और आकाश की दूरियां नाप ली हैं। पानी में बड़े-बड़े जहाज, जमीन पर बुलेट ट्रेन और हवा में हवाई जहाज, हेलिकॉप्टर ने मीलों की दूरी तय की है।

संचार के क्षेत्र में :- Science ने संचार के क्षेत्र में तेजी से प्रगति की है। 1gb से शुरू हुआ ये सफर 5gb तक पहुंच गया है. इंटरनेट प्रकाश की गति से पंख लगाकर उड़ने को तैयार है। इंटरनेट की स्पीड आज इतनी तेज है जिसकी कभी कल्पना भी नहीं की गई थी। Science के कारण वीडियो कॉल और वर्चुअल कॉल संभव हो गए हैं।

 शिक्षा के क्षेत्र में :- शिक्षा के क्षेत्र में Science ने अनेक आविष्कार किए हैं। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और रोबोट के आने से स्कूलों में पढ़ाने के तरीकों में बदलाव आया है। आज दृश्य तकनीकों के माध्यम से कठिन विषयों को भी आसानी से पढ़ाया जा रहा है।

मनोरंजन के क्षेत्र में :- Science ने मनोरंजन के क्षेत्र में बहुत महत्वपूर्ण योगदान दिया है। मनोरंजन करना मानव स्वभाव है। Science की उन्नति के साथ-साथ मनोरंजन के साधनों में भी उन्नति हुई है। चलचित्र, वीडियो, टेलीविजन, खेल आदि मनोरंजन के आधुनिक और वैज्ञानिक साधन हैं।

चिकित्सा के क्षेत्र में :- चिकित्सा के क्षेत्र में Science ने अद्भुत चमत्कार किए हैं। आज Science ने दुर्लभ से दुर्लभतम बीमारी का भी इलाज खोज लिया है, आज दवा बहुत आसान हो गई है। एक्स-रे मशीन की मदद से शरीर के अंदरूनी हिस्सों का राज जाना जा सकता है। 

शरीर के किसी भी अंग का ऑपरेशन संभव है। लेजर के आविष्कार से बिना चीरा लगाए ऑपरेशन किए जा रहे हैं। Science के कारण ही आज अंग प्रत्यारोपण की सुविधा संभव हो पाई है। 

रक्तदान और प्लास्टिक सर्जरी जैसे दुर्लभ कार्य आज Science के कारण ही संभव हो पा रहे हैं। स्मार्टफोन पर बैठे-बैठे अपना इलाज करा सकते हैं, दवाओं की होम डिलीवरी भी करा सकते हैं। इससे समय और पैसे दोनों की बचत हुई है।

Electricity:- Science ने मनुष्य को असीमित शक्ति के रूप में भाप, खनिज, तेल, कोयला और Electricity प्रदान की है। Electricity के Inventions ने चारों ओर चकाचौंध कर दी है। Electricity एक ओर हमें शक्ति देती है तो दूसरी ओर प्रकाश देकर रात को दिन जैसा बना देती है। आज के समय में Electricity ने मनुष्य का बहुत कल्याण किया है।

 कंप्यूटर के क्षेत्र में :- आज हर कोई कंप्यूटर चलाना और उस पर काम करना जानता है। कोई भी क्षेत्र कंप्यूटर से अछूता नहीं बचा है। Science का सबसे बड़ा अविष्कार स्मार्टफोन है जो आज हर आम आदमी की पहुंच में है। इससे आप घर बैठे शिक्षा प्राप्त कर सकते हैं, जो चाहें सीख सकते हैं, घर बैठे व्यवसाय शुरू कर सकते हैं या 

दुनिया भर से जानकारी प्राप्त कर सकते हैं, यह एक ऐसा अद्भुत चमत्कार है जिसने असंभव को संभव बना दिया है। कंप्यूटर में दिन-ब-दिन कई तकनीकों के आने से हमारा काम कम समय में और भी तेजी से और आसानी से हो जाता है।

अंतरिक्ष के क्षेत्र में:- अंतरिक्ष अब कोई अज्ञात विषय नहीं रहा। धीरे-धीरे Science की मदद से अंतरिक्ष के रहस्य खुल रहे हैं। आज वैज्ञानिक Science के माध्यम से अंतरिक्ष के तमाम रहस्यों को सुलझा रहे हैं। मंगलयान और चंद्रयान जैसे भारत के मिशन अंतरिक्ष की ओर बढ़ते इंसानों के कदम हैं।

सुरक्षा के क्षेत्र में:- आज ड्रोन, Cctv कैमरे, पासवर्ड और वर्चुअल लॉक के आने से सुरक्षा के क्षेत्र में कई बदलाव हुए हैं।
 
कृषि के क्षेत्र में:- नए वैज्ञानिक Inventions ने कृषि उत्पादन में वृद्धि करने के साथ-साथ कार्यों को भी आसान बना दिया है। ट्रैक्टर और नवीनतम आधुनिक उपकरणों के आगमन से खेती अधिक सरल और आसान हो गई है।

Science से हानि

Science ने यदि हमारे जीवन को सबके लिए सुलभ बना दिया है तो इसने अनेक समस्याएँ भी खड़ी कर दी हैं।

दुर्लभ रोग:- आजकल न जाने कितने दुर्लभ प्रकार के रोग उत्पन्न हो रहे हैं, जिनका पहले कभी पता नहीं चलता था। कोरोनावायरस इसका प्रत्यक्ष उदाहरण है, पहले ऐसा कोई वायरस नहीं था।

खेतों में हानिकारक रसायनों के छिड़काव से उत्पादन बढ़ रहा है, लेकिन फसल में पोषक तत्व और वह शुद्धता नहीं है और इससे कई बीमारियां पैदा हो रही हैं।

वैश्विक तापमान:- पेड़ों की अंधाधुंध कटाई और बढ़ते औद्योगीकरण के कारण पर्यावरण बहुत तेजी से बदल रहा है। ग्लेशियर पिघल रहे हैं, ग्लोबल वार्मिंग बढ़ रही है।

जल संसाधनों की कमी है और पेड़ों की कमी के कारण हवा में ऑक्सीजन की भी कमी है। पर्यावरण प्रदूषण के बढ़ते स्तर के कारण कई प्रकार की बीमारियां उत्पन्न हो गई हैं।

तकनीक पर अत्यधिक निर्भरता के कारण भी कई संकट उत्पन्न हुए हैं। अगर आज के समय में इंटरनेट बंद कर दिया जाए तो लाखों लोग बेरोजगार हो जाएंगे क्योंकि हमने खुद को Science पर इतना निर्भर कर लिया है कि अब इसके बिना हमारी अर्थव्यवस्था नहीं चल सकती।

तकनीक पर अत्यधिक निर्भरता:- Science ने जहाँ एक ओर अनेक सुविधाएँ दी हैं वहीं अनेक समस्याएँ भी पैदा की हैं। तकनीक ने जहां कई काम आसान कर दिए हैं, वहीं इसने हमें आलसी भी बना दिया है। 

आज हम हर छोटे से छोटे काम के लिए टेक्नोलॉजी पर निर्भर हो गए हैं। चाहे घर में खाना बनाना हो, कपड़े धोना हो या एंटरटेनमेंट, हमें हर चीज के लिए टेक्नोलॉजी की जरूरत होती है।

मोबाइल की लत:- कोरोना काल में हम सभी घर में बंद थे और इस वजह से छोटे बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक का स्क्रीन टाइम काफी बढ़ गया। 

इस वजह से बच्चे मोबाइल स्क्रीन के आदी हो गए हैं। उन्हें बचपन से ही चश्मा लगा हुआ है और मोबाइल की लत के कारण उनमें चिड़चिड़ापन, ज्यादा गुस्सा आना, भूख न लगना और एकाग्र न हो पाने जैसी कई समस्याएं पैदा हो गई हैं। इन्हीं सब के कारण आज मनुष्य अपनी ही बनाई हुई तकनीकों के कारण परेशान होता जा रहा है।

उपसंहार

इस प्रकार हम देखते हैं कि जिस प्रकार हर सिक्के के दो पहलू होते हैं उसी प्रकार Science के भी दो पहलू होते हैं।
 एक सकारात्मक पक्ष जहां हमने बहुत कुछ पाया है और एक नकारात्मक पक्ष जहां हमने बहुत कुछ खोया है।

यदि हम Science का सही उपयोग करेंगे तो भविष्य में भी इसका लाभ मिलेगा। लेकिन अगर हम तकनीक को अपने ऊपर हावी होने देंगे तो वह दिन दूर नहीं जब हम उसके पूरी तरह गुलाम हो जाएंगे।
 
जहां एक ओर Science ने मनुष्य को अपार सुविधाएं प्रदान की हैं, वहीं दूसरी ओर यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि परमाणु उपकरणों आदि के Destructive Inventions ने संपूर्ण मानव जाति को Destruction के Laedge पर लाकर खड़ा कर दिया है।

वास्तव में यदि हम Science के लाभ और हानियों का निरीक्षण करें तो हम देखते हैं कि Science का सदुपयोग और दुरुपयोग मनुष्य के हाथ में है।

यह मनुष्य पर निर्भर करता है कि वह उसे किस रूप में ग्रहण करता है। उदाहरण के लिए, यदि परमाणु ऊर्जा का सही दिशा में उपयोग किया जाए तो यह मनुष्य को ऊर्जा प्रदान करती है, जिसका उपयोग Electricity उत्पादन जैसे उपभोग के लिए किया जा सकता है।

लेकिन दूसरी ओर, अगर इसका गलत इस्तेमाल किया जाए तो यह बेहद Destructive हो सकता है। द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान हिरोशिमा और नागासाकी जापान के शहरों में परमाणु बमों से हुई तबाही इसका ज्वलंत उदाहरण है। आज दुनिया कई खेमों में बंटी हुई है।

इसके अलावा खुद को और ताकतवर बनाने के लिए (हाइड्रोजन बम और परमाणु बम की खोज के जरिए) हथियारों की होड़ मची हुई है। जिसने पूरी मानव सभ्यता को Destruction के Laedge पर लाकर खड़ा कर दिया है।

बेरोजगारी और गरीबी दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है। गांवों से शहरों की ओर लोगों का पलायन जारी है, जिससे महानगरों और शहरों की आबादी में बेतहाशा वृद्धि हुई है।
 
इस तरह Science का दुरूपयोग पूरी मानव सभ्यता के लिए अभिशाप साबित हो रहा है। Science का सही उपयोग न करने का ही परिणाम है कि आज विश्व की जनसंख्या बेतहाशा बढ़ रही है।

जनसंख्या को नियंत्रित करने के लिए Science द्वारा उपलब्ध कराए गए सभी संसाधन नि:संदेह प्रभावी हैं, लेकिन अविकसित देशों द्वारा इन संसाधनों को न अपनाने के परिणामस्वरूप ऐसे देश अनेक समस्याओं से घिरे हुए हैं।
 
Science की सहायता से बड़े पैमाने पर रोजगार उपलब्ध कराया जा सकता है, लेकिन कई देशों में अपने संसाधनों का उपयोग न कर पाने की समस्या है।

Science ने बड़े पैमाने पर शिक्षा के साधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की है, फिर भी कई देशों में बड़ी संख्या में निरक्षर लोग हैं।

यदि वैज्ञानिक कृषि को अपनाया जाए तो भुखमरी और कुपोषण की समस्या दुनिया को समाप्त कर सकती है, फिर भी इसके लोग खाद्यान्न के बिना गंभीर स्थिति में हैं।

अतः यह कहा जा सकता है कि जिन श्रापों को Science के कारण माना जाता है, वे वास्तव में मानव निर्मित हैं।
 
Science की अद्भुत देन का रचनात्मक कार्यों में ही उपयोग करना हम सभी का कर्तव्य है। Science के दुरुपयोग के खिलाफ अभियान चलाया जाना चाहिए।

विश्व के सभी देशों को विश्व शांति के लिए प्रयास करना चाहिए और हथियारों की बढ़ती होड़ का विरोध और उस पर अंकुश लगाना चाहिए।

विज्ञान वरदान या अभिशाप पर निबंध

  1. परिचय 
  2. मनोरंजन, आदि कई क्षेत्रों में योगदान  
  3. यातायात की सुविधाएँ  
  4. सुरक्षा संबंधी कई अविष्कार  
  5. Science के कुछ शानदार उपहार  
  6. उपसंहार

परिचय

Science मनुष्यों के लिए कोई चमत्कारिक कार्यकर्ता नहीं है। आज के युग में Science ने इतनी तरक्की कर ली है कि हम कह सकते हैं कि आज का युग Science का युग है। 

Science ने जीवन के हर क्षेत्र में काफी तरक्की की है। Science मानव कल्याण की आंख है जो मानव कल्याण की चिंता में लगा हुआ है।

मनोरंजन, आदि कई क्षेत्रों में योगदान

रेडियो और दूरदर्शन भरपूर मनोरंजन प्रदान करते हैं। सिनेमा Science की अनुपम देन है। इसका उपयोग मनोरंजन के साथ-साथ शिक्षा के लिए भी किया जाता है। 

दूरदर्शन के माध्यम से हम घर बैठे ही देश-विदेश की तस्वीरें देख सकते हैं। वीडियो के माध्यम से हम जब चाहें अपनी पसंदीदा फिल्में या अन्य कार्यक्रम देख सकते हैं। 

वैज्ञानिक चमत्कारों ने चिकित्सा के क्षेत्र में आमूल-चूल परिवर्तन किया है। एक्स-रे का उपयोग शरीर के आंतरिक भागों की जांच के लिए किया जा सकता है। 

Science ने आज जटिल और खतरनाक बीमारियों का इलाज और इलाज संभव कर दिया है। नए प्रकार के हल, ट्रैक्टर, काटने वाले आदि Science के कृषि आविष्कार हैं। 

Science के अन्य चमत्कारों में छपाई मशीन प्रमुख है। इसने ज्ञान के प्रचार और प्रसार में बहुत मदद की है। वास्तव में Science मनुष्य के लिए वरदान का काम नहीं कर पाया है।

परिवहन सुविधाएं

Science ने दुनिया में परिवहन की सुविधा देकर दुनिया को और भी छोटा बना दिया है। आज हम रेल, मेट्रो, मोटर जहाज और हवाई जहाज से कुछ ही घंटों में हजारों किलोमीटर की यात्रा कर सकते हैं। 

समाचार या प्रसारण वैज्ञानिक अविष्कार भी कमाल के होते हैं। रेडियो, टेलीविजन, टेलीफोन और मोबाइल के चमत्कार सभी जानते हैं। आपके संदेश ई-मेल और मोबाइल के माध्यम से दुनिया के किसी भी कोने में पल भर में भेजे जा सकते हैं।

सुरक्षा से जुड़े कई आविष्कार

सुरक्षा से जुड़े कई तरह के हथियारों के आविष्कारों ने Science को अभिशाप बना दिया है। इनकी वजह से हमारी सभ्यता और संस्कृति खतरे में है। परमाणु बम और हाइड्रोजन बम भी Science की देन है। 

इंसानों को असंतुलित करने वाली जहरीली गैस की खोज भी Science ने कर ली है। Science के ये खतरनाक आविष्कार मानव जाति के लिए अभिशाप बन गए हैं।

Science के कुछ अद्भुत उपहार

Science ने दुनिया में बिजली की खोज कर बड़ी सफलता हासिल की है। आज बिजली ही है जो कई घरों में खाना पकाती है, बिना झाडू लगाए कमरा साफ करती है, पंखा चलाती है और घर में रोशनी देती है। 

उसकी शक्ति से अनेक कारखाने चलते हैं। आज हमारा ज्यादातर काम बिजली पर निर्भर है। वास्तव में बिजली का आविष्कार आज के युग में कोई चमत्कार नहीं है।

उपसंहार

सच में Science के चमत्कार हैरान करने वाले हैं। Science मानव जाति के लिए वरदान बन सकता है यदि इसका उपयोग मानव जाति के लाभ के लिए किया जाए। आज Science ने पूरी दुनिया में असंभव से कठिन काम को भी संभव कर दिखाया है।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.